विंबल्डन में इस वर्ष भारत के अंडर-14 खिलाड़ियों का चुनाव हो चुका है| अगस्त में लंडन में होने वाले इस टूर्नमेंट में असम की तनीशा कश्यप को अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करने का अवसर मिलेगा| नॉर्थ-ईस्ट टाइम्स से बातचीत में उन्होने यह कहा:
अपने देश का प्रतिनिधित्व करने में मुझे बहुत प्रसन्नता महसूस हो रही है| मानो जैसे मेरा सपना सच हो गया हो| विंबल्डन में अपने देश का नाम रोशन करने के लिए मैं अपना बेस्ट करूँगी|
यह चुनाव भारत के 4 शहर- इन्दौर, दिल्ली, हयदेराबाद और बंबई में कई चरणों में हुआ| चुनाव का आँखरी चरण कलकत्ता में हुआ, जहाँ तनीशा ने शर्न्ण्या गवारे को 6-3, 6-7(4), 6-2 से हराया| यह रहे इस युवा खिलाड़ी के बारे में कुच्छ तथ्य:
1. अंडर-14 सीरीस में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली यह पहली महिला हैं;
2. वे ब्रह्मपुत्र नदी के किनारे बसे हाजो जिले से हैं, जो हिंदू/ मुसलमान/ बौध लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल है;
3. यह उनकी आज तक की सबसे बड़ी उपलब्धि है, इकलौती नहीं| इससे पहले वे 12 जूनियर टाइटल और और एक नॅशनल चॅंपियन्षिप की जीत अपने नाम कर चुकी हैं;
4. वे एक प्रभावी प्रदर्शन की तैय्यरी में ज़ोर-शोर से लगी हैं| इस समय वे दिल्ली में डेविस कप खिलाड़ी और बहतारीन कोच विवेक शौकें और विशाल उप्पल से ट्रैनिंग ले रही हैं;
5. अंडर-14 फाइनल्स में उनके साथ आहेमदबाद के देव जविया भी भारत का प्रतिनिशित्व करेंगे|
पिछले वर्ष इंदौर की महक जैन ने इसी राह से अपने करियर की शुरुआत करी थी, और एक वर्ष बाद, आज उनका खेल और पहुँच दोनो ही काफे अच्छे स्तर पर आ चुके हैं| आशा है कि तनीशा के साथ कुच्छ ऐसा, या शायद बहतर हो| सबकी निगाहे तुमपर हैं, तनीशा!